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6 Nov 2018

इंडियन आर्मी के नाम पर बिलाल को आता था गुस्सा : नोएडा

ग्रेटर नोएडा। आतंकी संगठन जॉइन करने वाला शारदा यूनिवर्सिटी का छात्र एहतेशाम बिलाल सोफी इंडियन आर्मी से सख्त नफरत करता था। आर्मी का नाम सुनते ही वह काफी गुस्से में आ जाता था। सूत्रों की माने तो मामले की जांच में जुटी एजेंसियों को यह भी जानकारी मिली है कि वह लापता होने के एक सप्ताह पहले से काफी तनाव में था। इस दौरान वह देर रात तक हॉस्टल और पार्क में वॉट्सऐप पर लंबी कॉल किया करता था। इस बीच वह बार-बार अम्मी और अब्बू को अपने पास आने के लिए दबाव बना रहा था।सूत्रों के मुताबिक, जांच में जुटी एजेंसियों को पता चला है कि एहतेशाम बिलाल सोफी इंडियन आर्मी के नाम पर गुस्से में आ जाता था। वह कई बार हॉस्टल में आर्मी या देशभक्ति पर आधारित फिल्म देखने वाले दोस्तों से भी भिड़ने को तैयार हो जाता था। इतना ही नहीं 4 अक्टूबर को यूनिवर्सिटी में हुए झगड़े के दौरान उसने अपनी हेट स्पीच में भी कई बार आर्मी को लेकर अपशब्दों का प्रयोग किया था। बताया जा रहा है कि एहतेशाम बिलाल ने आर्मी के लिए उन्हीं श्ब्दों का प्रयोग आतंकी संगठन में शामिल होने के बाद वायरल किए गए ऑडियो में भी किया है। 
लापता होने से एक सप्ताह पहले से काफी तनाव में था 
सूत्रों की माने तो जांच एजेंसियों को उसके दोस्तों से जानकारी मिली है कि 28 अक्टूबर को लापता होने से एक सप्ताह पूर्व से बिलाल काफी तनाव में था। इस चलते वह खाना भी ठीक से नहीं खा रहा था। इस दौरान कई दोस्तों ने उसे यूनिवर्सिटी समेत नॉलेज पार्क में स्थित विभिन्न शिक्षण संस्थानों के रास्तों का नक्शा भी बनाते देखा गया था। ऐसे में माना जा रहा है कि वह काफी दिनों से आतंकी संगठन के किसी सदस्य से जुड़ा हुआ था। 
कोई संदिग्ध व्यक्ति आता था कश्मीरी छात्र से मिलने
आशंका जताई जा रही है कि कोई संदिग्ध व्यक्ति समय-समय पर एहतेमाश से ग्रेनो में मिलने आया करता था। वह उससे मिलने के लिए अक्सर अपने बचपन के दोस्त व चचेरे भाई मुवस्सिर तक से अलग होकर ग्रेटर नोएडा में ही कहीं मिलने जाता था। संदिग्ध की तलाश में जांच एजेंसियां यूनिवर्सिटी समेत ग्रेनो के विभिन्न स्थानों की सीसीटीवी फुटेज अपने कब्जे में ले सकती है। वहीं, वह लगातार अपनी अम्मी व अब्बू को भी फोन कर पास आने का दबाव बना रहा था। उसकी अम्मी ने उसे दिपावली की छुट्टियों में उसके पास ग्रेटर नोएडा आने का भरोसा दिलाया था। 

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